राज्य मार्गों पर गुड़ बनाने वालों की होगी रजिस्ट्रेशन


जालन्धर, 8 दिसम्बर  (शिव शर्मा ): राष्ट्रीय राज्य मार्गों के अलावा अन्य सड़कों पर बड़ी संख्या में गुड़ और शक्कर बनाने वालों को भी खुराक सुरक्षा एक्ट में रजिस्ट्रर्ड किया जाएगा। इस बारे संबंधित विभागों द्वारा जल्दी ही कार्रवाई शुरू की जाएगी। राज्य में कई स्थानों में ताजे गन्ने से बनने वाले गुड़ और शक्कर काफी प्रसिद्ध भी हैं। राज्य में इन दिनों में गुड़-शक्कर बनाने का काम बड़े स्तर पर सड़कों के किनारे खुली दुकानों पर शुरू हो जाता है। राज्य में इस समय 1000 के करीब गुड़ और शक्कर बनाने वाले मौजूद बताए जा रहे हैं। सर्दियों के सीज़न में गन्ने की आमद  गुड़ निकालने वाले लोगों से होती है। सूत्रों का कहना है कि लोगों को सही गुड़ और शक्कर मिले इसलिए गुड़ निकालने वाले लोगों का ख्याल रखा जाना ज़रूरी है। रजिस्ट्रेशन होने पर स्वास्थ्य विभाग द्वारा भी इनके बारे कार्रवाई की जा सकती है। उधर खेतीबाड़ी और किसान भलाई विभाग चाहता है कि इन गुड़ निकालने वालों को बढ़िया गुड़ और शक्कर मिले इस करके इस बारे अन्य नई निर्देश जारी कर दिए हैं। गुड़ और शक्कर बेचने वालों को खुला गुड़ और शक्कर नहीं बेचना चाहिए है अगर वह खुला गुड़ और शक्कर बेचते हैं तो इसके लिए उनके खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है। विभाग ने तो इस बारे कई गुड़ बेचने वालों को सिखलाई भी दी है ताकि जो गुड़ निकालने वाले से साफ गुड़ और शक्कर बेचा जा सके। तंदुरूस्त मिशन पंजाब के डायरैक्टर और सीनियर आई.ए.एस.के.एस. पन्नू ने कुछ दिन पहले एक शीशे के बने उस बक्से का उद्घाटन किया था, जिसको सड़कों के किनारे गुड़, शक्कर बना कर बेचने वालों के लिए विशेष डिजाइन किया गया था। स. पन्नू का कहना था कि जो लोग सड़कों पर गुड़ और शक्कर बना कर बेचते हैं तो उनको इस तरह के डिज़ाइन वाले विशेष बक्से बनाने चाहिए हैं और नहीं पर संबंधित विभाग द्वारा कार्रवाई की जाएगी।